दुबई में युवक की मौत के एक महीने बाद गांव पहुंचा शव, परिजनों में मचा कोहराम।

अयोध्या।
अयोध्या जिले के अमानीगंज क्षेत्र में गुरुवार को उस समय माहौल गमगीन हो गया, जब दुबई में मौत का शिकार हुए युवक का शव एक महीने बाद उसके पैतृक गांव पहुंचा। शव घर पहुंचते ही परिजनों का धैर्य टूट गया और परिवार में चीख-पुकार मच गई। गांव में भी शोक की लहर फैल गई। बाद में पैतृक गांव में ही युवक का अंतिम संस्कार किया गया।
खंडासा थाना क्षेत्र के चदौंरा पूरे मेहंदी गांव निवासी गंगादीन लोधी 22 वर्ष (पुत्र) सोहनलाल रोजगार के लिए दुबई गए थे। बताया गया कि वह वहां एसी रिपेयरिंग का काम करते थे। 6 अप्रैल की सुबह उनकी अचानक मौत हो गई थी। घटना की सूचना मिलते ही परिवार में मातम छा गया था और परिजन शव के स्वदेश आने का इंतजार कर रहे थे।
गुरुवार को पूर्व विधायक रूश्दी मियां ने लखनऊ एयरपोर्ट पर शव रिसीव किया। इसके बाद शव को गांव चदौंरा लाया गया, जहां बड़ी संख्या में ग्रामीण और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। शव देखते ही परिवार के लोग फूट-फूटकर रोने लगे। मां-बाप और भाइयों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया।
मृतक के छोटे भाई शिवा ने बताया कि 5 अप्रैल को गंगादीन का फोन आया था। उन्होंने तबीयत खराब होने की बात बताते हुए घर लौटने के लिए पैसों की जरूरत बताई थी। परिवार ने कर्ज लेकर 30 हजार रुपये उनके मित्र आदित्य के खाते में भेजे थे, लेकिन अगले ही दिन सुबह आदित्य ने फोन कर गंगादीन की मौत की खबर दे दी।
जानकारी के अनुसार गंगादीन इससे पहले गुजरात में काम करते थे, जहां उनकी दोस्ती अमेठी निवासी आदित्य से हुई थी। बाद में आदित्य ने ही वीजा भेजकर उन्हें दुबई बुलाया था। गंगादीन तीन भाइयों में मझले थे, जबकि उनके पिता राजगीर का काम करते हैं।
मृतक का शव भारत लाने के लिए प्रशासनिक स्तर पर भी प्रयास किए गए। उप जिलाधिकारी मिल्कीपुर सुधीर कुमार ने जिलाधिकारी के माध्यम से विदेश मंत्रालय को पत्र भेजकर प्रक्रिया पूरी कराई थी। अंतिम संस्कार में सांसद अवधेश प्रसाद, विधायक चंद्रभानु पासवान, पूर्व विधायक रूश्दी मियां समेत कई जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।