जमीन हड़पने के लिए अजय शुक्ला की हत्या, दो गिरफ्तार।

अंबेडकरनगर।
अंबेडकरनगर जिले के मालीपुर थाना क्षेत्र के तेंदुआ दियरा गांव में अजय शुक्ला की हत्या के मामले का पुलिस ने खुलासा करने का दावा किया है। पुलिस ने मामले में दो आरोपियों अनिरुद्ध मिश्रा और सोनी शुक्ला को गिरफ्तार किया है।
पुलिस के अनुसार, अजय शुक्ला की जमीन हड़पने के लालच में हत्या की साजिश रची गई थी और वारदात को बिजली का करंट लगने से हुई मौत का रूप देने का प्रयास किया गया। पुलिस के मुताबिक, 20 अगस्त 2026 की सुबह करीब 8:20 बजे पीआरवी के माध्यम से सूचना मिली कि तेंदुआ दियरा गांव में एक व्यक्ति का शव पड़ा है।
सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक प्राची सिंह और स्थानीय पुलिस टीम मौके पर पहुंची। मृतक की पहचान अजय शुक्ला (पुत्र) बैजनाथ शुक्ला के रूप में हुई। मृतक की बहन की तहरीर के आधार पर मालीपुर थाने में हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया। मामले के शीघ्र अनावरण के लिए पुलिस अधीक्षक ने तीन टीमों का गठन किया। पुलिस टीमों ने कार्रवाई करते हुए अनिरुद्ध मिश्रा और सोनी शुक्ला को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पुलिस के अनुसार पूछताछ में सामने आया कि अजय शुक्ला की कोई संतान नहीं थी और उसकी जमीन पर आरोपियों की नजर थी।
मामले के शीघ्र अनावरण के लिए पुलिस अधीक्षक ने तीन टीमों का गठन किया। पुलिस टीमों ने कार्रवाई करते हुए अनिरुद्ध मिश्रा और सोनी शुक्ला को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पुलिस के अनुसार पूछताछ में सामने आया कि अजय शुक्ला की कोई संतान नहीं थी और उसकी जमीन पर आरोपियों की नजर थी।
पुलिस के मुताबिक मृतक का भाई राजेश शुक्ला अपने परिवार के साथ गुजरात में रहता है। राजेश शुक्ला और अनिरुद्ध मिश्रा के बीच मौसा-भांजे का रिश्ता बताया गया है। पुलिस का दावा है कि राजेश शुक्ला, उसकी पत्नी सोनी शुक्ला और अनिरुद्ध मिश्रा ने अजय शुक्ला की हत्या कर घटना को दुर्घटना का रूप देने की योजना बनाई थी।
पुलिस के अनुसार अनिरुद्ध मिश्रा 17 अगस्त को अपनी मौसी सोनी शुक्ला के साथ गुजरात से निकला था और 18 अगस्त की शाम अपने घर पहुंचा। 19 अगस्त की शाम वह अजय शुक्ला के घर गया। आरोप है कि शराब पिलाने के बहाने वह अजय को नेमपुर घाट ले गया। इसके बाद दोनों वापस घर लौटे।
पुलिस के अनुसार, रात में अजय के अत्यधिक नशे में होने का फायदा उठाकर अनिरुद्ध ने किचन में रखे चाकू से उसके सिर पर वार किया और गमछे से गला दबा दिया। पुलिस का दावा है कि अजय के अचेत होने के बाद उसके पैर के अंगूठे में पंखे की तार बांधकर बिजली का स्विच ऑन कर दिया गया, ताकि मौत को करंट लगने की घटना बताया जा सके।